बलरामपुर अस्पताल के एमएस डॉ. देवाशीष शुक्ला बने अटल मेडिकल यूनिवर्सिटी के परीक्षा नियंत्रक
तीन वर्ष के लिए प्रतिनियुक्ति पर मिली अहम जिम्मेदारी
उत्तर प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा विभाग ने एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक फेरबदल करते हुए बलरामपुर अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक (एमएस) डॉ. देवाशीष शुक्ला को अटल बिहारी वाजपेई मेडिकल यूनिवर्सिटी (एबीवीएमयू), लखनऊ का परीक्षा नियंत्रक (कंट्रोलर ऑफ एग्जामिनेशन) नियुक्त किया है। यह नियुक्ति आगामी तीन वर्षों के लिए प्रतिनियुक्ति के आधार पर की गई है।
इस संबंध में मंगलवार को चिकित्सा शिक्षा विभाग के विशेष सचिव धीरेंद्र सिंह सचान द्वारा औपचारिक आदेश जारी कर दिया गया। शासन ने डॉ. देवाशीष शुक्ला के प्रशासनिक अनुभव, शैक्षणिक दक्षता और पूर्व संस्थानों में उत्कृष्ट कार्यों को देखते हुए उन्हें यह महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी है।
वरिष्ठ मानसिक रोग विशेषज्ञ हैं डॉ. देवाशीष शुक्ला
डॉ. देवाशीष शुक्ला प्रांतीय चिकित्सा सेवा (पीएमएस) के वरिष्ठ मानसिक रोग विशेषज्ञ हैं। वर्तमान में वे बलरामपुर अस्पताल में चिकित्सा अधीक्षक के पद पर कार्यरत थे तथा मानसिक स्वास्थ्य विभाग के अध्यक्ष की जिम्मेदारी भी संभाल रहे थे। स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ शैक्षणिक एवं प्रशासनिक क्षेत्र में उनकी सुदृढ़ पकड़ को देखते हुए उन्हें यूनिवर्सिटी की परीक्षा व्यवस्था को सशक्त बनाने का दायित्व सौंपा गया है।
कैंसर संस्थान और लोहिया संस्थान में रहा प्रभावी कार्यकाल
डॉ. देवाशीष शुक्ला का कार्यकाल विभिन्न संस्थानों में उल्लेखनीय उपलब्धियों से भरा रहा है।
कल्याण सिंह सुपर स्पेशियलिटी कैंसर संस्थान में जुलाई 2023 में चिकित्सा अधीक्षक का पद संभालने के बाद उन्होंने संस्थान की कार्यप्रणाली को नई दिशा दी। पांच विभागों में पीडीसीसी (पोस्ट डॉक्टोरल सर्टिफिकेट कोर्स) शुरू किए गए। मरीज के इलाज के लिए तमाम सुविधाएं स्थापित किया ।
उन्होंने यह भी सुनिश्चित किया कि मरीजों को आयुष्मान भारत, पंडित दीन दयाल उपाध्याय स्वास्थ्य योजना तथा मुख्यमंत्री/प्रधानमंत्री राहत कोष का लाभ बिना किसी बाधा के मिल सके।
इससे पहले डॉ. राम मनोहर लोहिया संस्थान में तैनाती के दौरान कोविड-19 महामारी के समय डॉ. देवाशीष ने प्रभावी प्रबंधन किया। आइसोलेशन वार्ड, ट्राएज एरिया और संक्रमण नियंत्रण की रणनीति तैयार कर उन्होंने मरीजों और स्वास्थ्यकर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित की।
परीक्षा व्यवस्था को समयबद्ध और पारदर्शी बनाना प्राथमिक लक्ष्य
नियुक्ति के बाद डॉ. देवाशीष शुक्ला ने कहा कि अटल मेडिकल यूनिवर्सिटी से संबद्ध कॉलेजों में समय पर परीक्षा कराना और समयबद्ध परिणाम घोषित करना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। उन्होंने कहा कि कुलपति मेजर जनरल डॉ. अमित देवगन के मार्गदर्शन में विश्वविद्यालय को शैक्षणिक रूप से और अधिक सुदृढ़ बनाया जाएगा।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जो मेडिकल कॉलेज अभी यूनिवर्सिटी से संबद्ध नहीं हैं, उन्हें निर्धारित मानकों के अनुरूप जांच कर संबद्धता दी जाएगी। इसके साथ ही नर्सिंग और पैरामेडिकल पाठ्यक्रमों में दाखिले की प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाया जाएगा। डॉ. देवाशीष का लक्ष्य अटल मेडिकल यूनिवर्सिटी को प्रदेश ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर एक प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थान के रूप में स्थापित करना है।
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