ऑपरेशन थिएटर में संक्रमण रोकने पर जोर
पीजीआइ में अंतरराष्ट्रीय नर्सिंग वेबिनार में विशेषज्ञों ने बताईं नई तकनीकें
लखनऊ। संजय गांधी पीजीआइ में अंतरराष्ट्रीय नर्स दिवस सप्ताह के तहत आयोजित नर्सिंग वेबिनार में ऑपरेशन के बाद होने वाले संक्रमण को रोकने पर खास जोर दिया गया। विशेषज्ञों ने कहा कि ऑपरेशन थिएटर में साफ-सफाई, उपकरणों की सही स्टरलाइजेशन और मरीज की बेहतर तैयारी से संक्रमण के खतरे को काफी कम किया जा सकता है।
एम्स दिल्ली की नर्सिंग विशेषज्ञ मीरा प्रजापति ने बताया कि सर्जिकल साइट इंफेक्शन यानी ऑपरेशन वाले हिस्से में होने वाला संक्रमण मरीज की परेशानी और इलाज का खर्च दोनों बढ़ा देता है। उन्होंने कहा कि हाथों की स्वच्छता, समय पर एंटीबायोटिक देना और ऑपरेशन थिएटर की वैज्ञानिक व्यवस्था संक्रमण रोकने में सबसे अहम हैं।
वेबिनार में बर्दवान मेडिकल कॉलेज, प्रोफेसर डॉ. उमा रानी अधिकारी; एलएलआरएम मेरठ, प्रोफेसर डॉ. बालमोनी बोस; एमकेसीजी मेडिकल कॉलेज बरहामपुर, प्रोफेसर डॉ. राजलक्ष्मी मिश्रा; नारायणा अस्पताल कोलकाता, प्रोफेसर डॉ. शम्पा गुप्ता; एससीबी मेडिकल कॉलेज कटक, डॉ. अंजना बाला बेहुरा; ईएसआई अस्पताल जोका कोलकाता, निबेदिता डे; यूएई, शेरोन शीबा थंबिथुराई तथा आलिया विश्वविद्यालय, डॉ. उषा मल्लिक ने अपने विचार रखे।
एसजीपीजीआई कॉलेज ऑफ नर्सिंग, नर्सिंग शिक्षक सबाना खातून ने शोध आधारित नर्सिंग देखभाल को मरीजों के उपचार में लागू करने पर जोर दिया। कार्यक्रम का संचालन एसजीपीजीआई, मुख्य नर्सिंग अधिकारी मंजू सिंह; डिप्टी नर्सिंग सुपरिटेंडेंट अलका मोहन; डिप्टी नर्सिंग सुपरिटेंडेंट अनीता वाल्टर और असिस्टेंट नर्सिंग सुपरिटेंडेंट ज्योतिबाला ने किया।
कार्यक्रम की शुरुआत एसजीपीजीआई, असिस्टेंट नर्सिंग सुपरिटेंडेंट नीलम श्रीवास्तव; डिप्टी नर्सिंग सुपरिटेंडेंट एंसी जयराज और असिस्टेंट नर्सिंग सुपरिटेंडेंट नीमा पंत के संबोधन से हुई। वेबिनार में भारत और विदेश से करीब 200 नर्सिंग पेशेवर जुड़े। विशेषज्ञों ने कहा कि शोध आधारित नर्सिंग पद्धतियां मरीजों की सुरक्षा और बेहतर इलाज के लिए बेहद जरूरी हैं।

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